MP Board Result news: कॉपी की छाया प्रति लेने एमपी बोर्ड ने बदली व्यवस्था, पहले भरना होगा रिटोटलिंग का फॉर्म, जानें क्या है कारण

MP Board Result news: कॉपी की छाया प्रति लेने एमपी बोर्ड ने बदली व्यवस्था

MP Board Result news: कॉपी की छाया प्रति लेने एमपी बोर्ड ने बदली व्यवस्था, पहले भरना होगा रिटोटलिंग का फॉर्म, जानें क्या है कारण

मध्य प्रदेश में बोर्ड परीक्षाओं में छात्रों की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के बाद विद्यार्थी अपने अंको के योग से अथवा कॉपी जांचने से असंतुष्ट होते हैं तो उनके लिए काफी देखने की सुविधा एमपी बोर्ड द्वारा दी गई थी लेकिन इस बार एमपी बोर्ड ने अपनी इस व्यवस्था में थोड़ा सा बदलाव किया है अगर कोई छात्र अपने अंको से असंतुष्ट है तो उसे एक फार्म भरना होगा जिसमें अंकों की रिटोटलिंग होगी अर्थात रिटोटलिंग का फार्म छात्र द्वारा भरा जाएगा इसमें छात्र की कॉपी के अंकों का योग दोबारा से किया जाएगा यदि कहीं कमी ऐसी होती है तो उसे सही कर दिया जाएगा लेकिन इस बार छात्र अपने अंको से संतुष्ट हैं तो पी लेने से पहले रिटोटलिंग का फार्म भरना अति आवश्यक होगा रिटोटलिंग का फार्म भरे छात्रों को ही काफी की छाया प्रति दी जाएगी लेने के लिए छात्रों को फार्म भरना जरूरी होगा |


यहां पर आपको बता दें कि कक्षा 10 और कक्षा 12वीं के बोर्ड के छात्र अगर अपने प्राप्त अंकों से संतुष्ट नहीं है तो वह अपनी कॉपी की छाया प्रति ले सकते हैं और उन्हें चेक कर सकते हैं कि हमें किस प्रश्न पर कितने अंक मिले हुए हैं लेकिन इस बार की व्यवस्था बदल गई है इस बार पहले आपको रिटोटलिंग का फार्म भरना होगा अगर कोई छात्र कॉपी की छाया प्रति लेना चाहता है तो यह जो उसने रिटोटलिंग का फॉर्म नहीं भरा हुआ है तो ऐसे छात्रों को कॉपी की छाया प्रति नहीं दी जाएगी यह बदलाव एमपी बोर्ड ने इसी वर्ष से किया है अंकों और कॉपी को देखने के लिए छात्रों को सबसे पहले रिटोटलिंग का फार्म भरना अनिवार्य होगा उसके बाद ही आप अपनी कॉपी की छाया प्रति ले सकते हैं |

छात्रों की परेशानी होगी इससे कम

माध्यमिक शिक्षा मंडल के संपर्क अधिकारी मुकेश मालवीय का कहना है कि इस साल से ही नई व्यवस्था लागू की जा रही है अब छात्र पहले रिटोटलिंग कराएंगे उसके बाद काफी की छाया प्रति लेने के लिए दोबारा से आवेदन करेंगे अगर छात्र छात्राएं कॉपी की छाया प्रति लेना चाहते हैं तो पहले उन्हें रिटोटलिंग का फार्म भरना होगा इसके पीछे कारण यह है कि जब रिटोटलिंग की जाएगी तो उस समय टीचर कॉपी की छाया प्रति देने से पहले रिटोटलिंग को अच्छे से चेक करेगा अगर कहीं किसी तरह की त्रुटि है तो उसे सही कर देगा अगर त्रुटि नहीं होगी तो काफी की छाया प्रति बिना संशोधन के दे दी जाएगी यहां पर छात्र के पास जाने वाली छाया प्रति पूरी तरह से मार्किंग का टोटल की हुई होगी तथा कहीं भी गलती की कोई गुंजाइश नहीं बचेगी तथा छात्र भी अंको की गिनती करके गलत योग देखकर असमंजस में पढ़ने से बच जाएंगे |

29 अप्रैल को जारी हुआ था बोर्ड परीक्षाओं का रिजल्ट

मध्यप्रदेश में कक्षा 10 और कक्षा 12वीं का रिजल्ट 29 अप्रैल को जारी कर दिया गया था मध्य प्रदेश बोर्ड परीक्षाओं का रिजल्ट कक्षा 10 और कक्षा 12 दोनों का छापा एक ही साथ जारी हुआ था बोर्ड परीक्षाओं का रिजल्ट टॉपर छात्र छात्राओं को भोपाल नहीं बुलाया गया है पिछली बार बुलाया गया था कोविड-19 थे बीते 2 सालों से सामान तरीके से रिजल्ट जारी हो रहा है |

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